संयुक्त टीम की बड़ी सफलता, 40 में से 35 गोलियां बरामद; फरार तीन आरोपियों की तलाश जारी
कटनी। बिहार चुनाव ड्यूटी से लौट रही केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) की महिला जवानों की इंसास राइफल की दो लोडेड मैगज़ीन चोरी होने की सनसनीखेज घटना को कटनी पुलिस ने सफलतापूर्वक सुलझा लिया है। इस मामले को सुरक्षा एजेंसियों द्वारा एक गंभीर सुरक्षा खतरा माना जा रहा था। जीआरपी (सरकारी रेलवे पुलिस), आरपीएफ (रेलवे सुरक्षा बल) और जिला पुलिस की एक संयुक्त टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और उनके कब्जे से चोरी हुए 40 कारतूसों में से 35 बरामद कर लिए हैं।
घटना शुक्रवार, की रात की है। इलेक्शन ड्यूटी स्पेशल ट्रेन नंबर 00411 जब कटनी आउटर (लमतरा-अधारकाप) के बीच कुछ समय के लिए रुकी, तभी सीआरपीएफ महिला बटालियन की जवान अस्वार प्रतिज्ञा सुधाकर ने जीआरपी थाने पहुंचकर चोरी की सूचना दी। उनके मैगज़ीन पाउच से उनकी खुद की एक मैगज़ीन (20 गोलियों सहित) और उनकी साथी जवान हिरलबेन की एक मैगज़ीन (20 गोलियों सहित) संदिग्ध रूप से गायब हो गई थीं।
शुरुआती तलाशी में दोनों खाली मैगज़ीन झाड़ियों के पास लावारिस हालत में मिलीं, लेकिन कुल 40 जिंदा कारतूस गायब थे। इंसास राइफल की इतनी बड़ी संख्या में गोलियों का गायब होना किसी भी बड़ी आपराधिक वारदात या नक्सली गतिविधि के लिए पर्याप्त माना जाता है, जिसने तत्काल प्रभाव से सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप मचा दिया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए, जीआरपी ने तुरंत राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मामलों में लगाई जाने वाली धारा 305 सीबीएनएस एक्ट के तहत अपराध पंजीबद्ध कर गहन जांच शुरू कर दी।
23 नवंबर 2025 को जीआरपी, आरपीएफ और जिला पुलिस की संयुक्त टीम ने एक बड़ी सफलता हासिल की। पुलिस ने तीन आरोपियों – अजय उर्फ अजना निषाद, अजय उर्फ अज्जू निषाद और लकी निषाद (सभी निवासी आधारकाप) को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार किए गए आरोपियों के कब्जे से चोरी हुई दोनों इंसास राइफल की मैगज़ीन और 35 जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग 4500 रुपये है। इस बरामदगी ने सुरक्षा खतरे को काफी हद तक कम कर दिया है।
पुलिस ने खुलासा किया है कि इस चोरी की घटना में कुल छह आरोपी शामिल थे। तीन आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है, जबकि तीन अन्य आरोपी अभी भी फरार हैं। इसके अलावा, चोरी हुए 40 कारतूसों में से 5 गोलियां अभी भी बरामद होना बाकी हैं।
पुलिस टीमें लगातार फरार आरोपियों की तलाश में इलाके में दबिश दे रही हैं और कॉम्बिंग ऑपरेशन चला रही हैं। बड़े अधिकारियों द्वारा इस पूरे मामले की लगातार निगरानी की जा रही है।





