जबलपुर। संस्कारधानी के सुब्बा शाह मैदान में हजरत बाबा साधु हसन शाह रहमतुल्लाह अलैह का 27वाँ सालाना उर्स मुबारक पूरी अकीदत, श्रद्धा और हर्षोल्लास के साथ संपन्न हुआ। इस रूहानी आयोजन में न केवल स्थानीय जायरीन, बल्कि देश के विभिन्न हिस्सों से आए मुरीदों ने शिरकत कर बाबा की दरगाह पर हाजिरी दी और मन्नतें मांगीं।

उर्स के अवसर पर शनिवार की सुबह से ही दरगाह परिसर में अकीदतमंदों का तांता लगना शुरू हो गया था। दिन भर इबादत, कुरान ख्वानी और दुआओं का सिलसिला चलता रहा। अकीदतमंदों ने बाबा की बारगाह में चादर पेश कर मुल्क की अमन-चैन और खुशहाली के लिए विशेष दुआएं मांगी।
आयोजन की जानकारी देते हुए मोहम्मद इसराइल ने बताया कि हजरत बदरुद्दीन गुड्डू बाबा सज्जादानशीन आस्ताना-ए-सुब्हानिया की अगुवाई में कई वर्षों से उर्स का आयोजन किया जाता है। यह उर्स सुबह-शाम बाजार आपसी भाईचारे और धार्मिक सौहार्द की एक अनुपम मिसाल है। शाम के समय मैदान में सामूहिक रोजा इफ्तार का भव्य आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में रोजेदारों और जायरीनों ने एक साथ बैठकर इफ्तार किया। इफ्तार के पश्चात सभी के लिए आम लंगर की विशेष व्यवस्था की गई थी, जहाँ हजारों लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया।
रात के वक्त आयोजित कव्वाली के प्रोग्राम ने आयोजन में चार चांद लगा दिए। मशहूर कव्वालो ने बाबा की शान में सूफियाना कलाम पेश किए, जिसका सिलसिला देर रात तक जारी रहा। कव्वाली के दौरान पूरा माहौल रूहानियत से सराबोर नजर आया।
प्रशासनिक व्यवस्थाएं रहीं चाक-चौबंद
उर्स के दौरान उमड़ी भारी भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन और पुलिस विभाग द्वारा सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। यातायात व्यवस्था और भीड़ नियंत्रण के लिए स्वयंसेवकों के साथ-साथ पुलिस बल भी मुस्तैद रहा, जिससे पूरा कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ।





